नागौर। राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी अनुसूचित जाति विभाग की चेयरमैन एवं पूर्व कैबिनेट मंत्री ममता भूपेश तथा मेघसेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं कांग्रेस एससी विभाग के प्रदेश महासचिव डॉ. डी.के. मेघवाल सोमवार को डांगावास पहुंचे। दोनों नेताओं ने वर्ष 2015 के डांगावास दलित नरसंहार के पीड़ित परिवारों से मुलाकात कर उनकी पीड़ा सुनी।
इस दौरान नेताओं ने ताल ठोक महावीर सेन जस्थल (बूंदी) पहुंचकर मृतकों के परिजनों से भी संवाद किया। पीड़ित परिवारों ने घटना के वर्षों बाद भी न्याय नहीं मिलने को लेकर अपनी पीड़ा और बेबसी कांग्रेस नेताओं के सामने रखी।
ममता भूपेश ने कहा कि कांग्रेस पार्टी पीड़ित परिवारों के साथ खड़ी है और उन्हें न्याय दिलाने के लिए हर संभव प्रयास किया जाएगा। उन्होंने कहा कि छह लोगों की हत्या के मामले में यदि कोई दोषी नहीं पाया गया है, तो यह बेहद गंभीर और पीड़ादायक स्थिति है। उन्होंने सवाल उठाया कि इतने गंभीर मामले में पीड़ित परिवारों को न्याय क्यों नहीं मिल पाया।
उन्होंने सरकार से मांग की कि प्रकरण में न्याय सुनिश्चित करने के लिए प्रभावी पैरवी की जाए और आवश्यकता पड़ने पर हाईकोर्ट एवं सुप्रीम कोर्ट में अपील की जाए। उन्होंने कहा कि दलित और वंचित परिवारों को न्याय दिलाना सरकार की प्राथमिकता होनी चाहिए।
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि पार्टी पीड़ित परिवारों की न्याय की मांग के साथ मजबूती से खड़ी है और मामले में कानूनी एवं लोकतांत्रिक स्तर पर आवाज उठाती रहेगी।
इस दौरान कांग्रेस एससी विभाग के अजमेर संभाग प्रभारी श्याम लाल बैरवा, जयपुर संभाग प्रभारी विकास नागर, न्यायिक विधि सेल प्रभारी एडवोकेट दीपक कन्नौजिया, प्रदेश उपाध्यक्ष गोमा सागर, प्रदेश महासचिव अर्जुन राम उजेनियां, कोषाध्यक्ष कमलेश बैरवा, प्रदेश सचिव मनोज बैरवा, सचिव अशोक जारवाल, नागौर जिलाध्यक्ष श्रवण मानव, अजमेर जिलाध्यक्ष सौरभ यादव, ब्यावर जिलाध्यक्ष बिरदीचंद, भीलवाड़ा जिलाध्यक्ष भेरूलाल बैरवा, डीडवाना जिलाध्यक्ष बाबूलाल कड़वासरा सहित सर्व समाज के प्रबुद्धजन मौजूद रहे।






