-रामवतार राठौर
कोटा। आगामी श्री अनंत चतुर्दशी महोत्सव शोभायात्रा की तैयारियों को लेकर शुक्रवार को सनातन धर्म अखाड़ा समिति के प्रतिनिधिमंडल ने पुलिस अधीक्षक से मुलाकात कर अखाड़ों से जुड़े सभी मामलों में समिति को अधिकृत प्रतिनिधि के रूप में शामिल किए जाने की मांग की।
प्रतिनिधिमंडल ने पुलिस अधीक्षक को बताया कि शहर के विभिन्न अखाड़ों के बीच समन्वय स्थापित करने का कार्य वर्षों से सनातन धर्म अखाड़ा समिति करती आ रही है। ऐसे में शोभायात्रा से संबंधित सभी प्रशासनिक बैठकों, वार्ताओं और लाइसेंस प्रक्रिया में समिति को ही आमंत्रित किया जाए, ताकि सभी अखाड़ों की समस्याएं और सुझाव प्रभावी ढंग से प्रशासन तक पहुंच सकें।
समिति ने यह भी मांग रखी कि पांच वर्ष या उससे अधिक समय से नियमित रूप से संचालित सभी पात्र अखाड़ों को श्री अनंत चतुर्दशी शोभायात्रा में शामिल होने के लिए लाइसेंस जारी किए जाएं। उनका कहना था कि लाइसेंस प्रक्रिया पारदर्शी हो तथा सभी सक्रिय अखाड़ों को समान अवसर मिले।
प्रतिनिधिमंडल ने स्पष्ट किया कि श्री अनंत चतुर्दशी महोत्सव में अखाड़ों की परंपराओं, अनुशासन, समन्वय और व्यवस्थाओं का संचालन सनातन धर्म अखाड़ा समिति के माध्यम से होता है। इसलिए अखाड़ों से जुड़े किसी भी निर्णय या प्रशासनिक प्रक्रिया में समिति की भागीदारी आवश्यक है।
समिति ने यह भी कहा कि पूर्व में प्रशासन के साथ होने वाली बैठकों में अखाड़ों से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दे प्रभावी ढंग से नहीं उठ पाए, जिससे समस्याओं का समय पर समाधान नहीं हो सका। यदि भविष्य में समिति को अधिकृत रूप से शामिल किया जाता है तो प्रशासन और अखाड़ों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित होगा तथा शोभायात्रा का संचालन अधिक व्यवस्थित, पारदर्शी और शांतिपूर्ण ढंग से किया जा सकेगा।
पुलिस अधीक्षक ने प्रतिनिधिमंडल की मांगों और सुझावों को गंभीरता से सुनते हुए नियमानुसार विचार करने का आश्वासन दिया।
बैठक में समिति के अध्यक्ष भंवर सिंह पंवार, संरक्षक नाथूलाल पहलवान, बालकृष्ण बर्थूनिया, गजेंद्र भार्गव, धनराज गुर्जर, कमल नामा, कोषाध्यक्ष अमर सिंह, महावीर राठौड़, बजरंग लाल राठौड़, जगदीश सुमन, मधुसूदन, वीरेंद्र नायक, दिनेश संगत, चैतन्य मलेटी, रविंद्र राठौर, रमेश जोशी सहित शहर के विभिन्न अखाड़ों के गुरुजन एवं पदाधिकारी उपस्थित रहे।





