कोटा / सरकार के सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय द्वारा प्रायोजित एवं उद्यनमशीलता विकास संस्थान, अहमदाबाद द्वारा आयोजित “उधमशीलता जागरूकता कार्यक्रम” कोटा स्थित कोशिश कैंपस में प्रमोशन ऑफ आर्ट कल्चर टूरिज्म एंड हैरिटेज फाउंडेशन द्वारा किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि राजस्थान राज्य भारत स्काउट गाइड के जिला उपाध्यक्ष यज्ञदत्त हाडा थे, कार्यक्रम की अध्यक्षता किशोर न्यायालय के पीठ न्यायाधीश माननीय बाबूलाल मेहरा ने की। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता राजस्थान कौशल एवं आजीविका विकास निगम, राजस्थान सरकार के जिला प्रबंधक माननीय समरवीर सिंह थे। कार्यक्रम का संचालन कोशिश के निदेशक पंकज शर्मा ने किया।
कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती की तस्वीर पर सभी अतिथियों ने माल्यार्पण व दीप प्रजव्वलित कर किया तत्पश्चात अतिथियों का दुपट्टा पहना कर एवं मूमेंटो भेंटकर स्वागत किया गया।
कार्यक्रम में लगभग 100 से अधिक युवक- युवतियों ने भाग लिया।
मुख्य वक्ता आरएसएलडीसी के डीएम समरवीर सिंह ने युवाओं को कौशल शिक्षा की विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि आज युवाओं को सरकारी नौकरी से ज्यादा उधमाशीलता एवं स्वयं के व्यवसाय पर ध्यान देना चाहिए। उन्होंने कहा कि “युवक देने वाले बने, ना कि लेने वाले” उन्होंने भारत सरकार की विभिन्न लोन योजनाओं की जानकारी दी।
इस अवसर पर मुख्य अतिथि श्रीमान यज्ञदत्त हाडा ने भारत सरकार व राज्य सरकार की विभिन्न जनहित व आर्थिक योजनाओं की जानकारियां दी। उन्होंने युवाओं को एक उद्देश्य व एक दिशा में प्लान कर आगे बढ़ने एवं आजीविकाओं के संसाधन जुटाने के तरीके बताएं। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे किशोर न्यायालय के न्यायाधीश माननीय बाबूलाल मेहरा ने बताया कि किशोर अवस्था से ही युवक पढ़ने व अपना उद्देश्य निर्धारित नहीं करता है, यही कारण है कि युवावस्था में भटकाव की व अस्थिरता की स्थिति पैदा हो जाती है और उन्हें उसका सामना करना पड़ता है। उन्होंने कहा कि यही कारण है कि युवा अपराध की तरफ मुड़ जाता है और भटक जाता है। कार्यक्रम के अंत में पंकज शर्मा जी ने सभी अतिथियों एवं युवक- युवतियों को धन्यवाद ज्ञापित किया।





