Saturday, September 12, 2026
Screenshot_2026-02-16-14-04-33-20_6012fa4d4ddec268fc5c7112cbb265e7
previous arrow
next arrow

Top 5 This Week

Related Posts

 धनतेरस बन रहा है, त्रिपुष्कर योग में किया हुआ हर शुभ काम तीन गुना फल देता है

धनतेरस बन रहा है, त्रिपुष्कर योग में किया हुआ हर शुभ कामतीन  गुना फल देता है। यदि आप इस दौरान कुछ खरीदते हैं तो यह बहुत शुभ है। क्योंकि उसका भी आपको तीन गुना लाभ मिल सकता है। इस दौरान नए शुभ कार्य शुरू करना बहुत शुभ होता है। सोना, चांदी, जमीन, वाहन, गैजेट्स, बर्तन आदि वस्तुओं की खरीद बहुत शुभ होती है। इस योग में कर्ज देना और लेना नहीं चाहिए। इसके ठीक बाद सिद्ध योग पूरे दिन रहेगा। यह योग सब कार्यों को सिद्ध करने में मदद करता है। इसी तिथि के दिन समुद्र मंथनसे प्रकट हुए थे मां लक्ष्मी और धन्वंतरि कार्तिक कृष्णपक्ष की त्रयोदशी तिथिके दिन समुद्र मंथन के दौरान माता लक्ष्मी और धन्वंतरि एक साथ प्रकट हुए थे। तब से यह तिथि भारत में लक्ष्मी पूजा और चिकित्सक दिवस के रूप में मनाई जाती है। श्रीमद्भागवत पुराण के आष्टम स्कंध के आठवें अध्याय में यह कथा आई है। इसलिए इस दिन प्रदोषकाल में दीपक जलाकर लक्ष्मी जी की पूजा की जाती है।

जय विनोदी जयपुर पंचांग के संपादक पंडित आदित्य मोहन शर्मा के अनुसार, 29 अक्टूबर को सुबह 10-27 बजे तक त्रिपुष्कर योग है। इसके बाद त्रयोदशी तिथि है, जो प्रदोष काल में रहेगी। इसलिए इस साल इसी दिन धनतेरस मनाई जाएगी। त्रिपुष्कर योग के ठीक बाद सिद्ध योग पूरे दिन रहेगा। धनतेरस (29 अक्टूबर) के दिन दीपावली की खरीदारी का अबूझ मुहूर्त है। सिद्ध योग शाम को 7-21 बजे तक रहेगा। यह सूर्य का प्रभावशाली नक्षत्र है, जो शक्ति, आत्मबल और व्यवसाय को बढ़‌ता है। इसके साथ उत्तराफाल्गुनी नक्षत्रमे सुबह सुर्योदय से शाम 7.21 बजे तक खदीदारी कर सकते हैं।

सोना, जमीन हर खरीद के अलग- अलग लाभ धनतेरस के दिन सोने-चांदी के जेवर और सिक्के खरीदे जाते हैं, जो समृद्धि बढ़ाते हैं। बर्तन और अनाज खरीदे जाते हैं इससे खानपान मेंकमी नहीं आती। जमीन, वाहन और गैजेट्स खरीदे जाते हैं, जो सम्पन्नता को दर्शाते हैं। हल्दी और खड़ा धनिया भी खरीदा जाता है, इससे सेहत अच्छी रहती है। इसके साथ साथ झाडू भी खरीदी जाती है। इसी से सफाई और शुद्धता आती है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Popular Articles