भारत सिंह चौहान
कोटा। प्रगति इंटरनेशनल स्कूल, कोटा में रक्षाबंधन का पर्व विद्यार्थियों ने हर्ष, उल्लास एवं उत्साह के साथ मनाया। इस अवसर पर विद्यालय में रचनात्मक गतिविधियों का आयोजन किया गया, जिनके माध्यम से विद्यार्थियों को भाई-बहन के पवित्र रिश्ते के साथ-साथ रक्षा, प्रेम, संवेदनशीलता और राष्ट्रसेवा की भावना को आत्कमसात किया ।
विद्एयालय की केजी कक्षा के नन्हे-मुन्ने विद्यार्थियों के लिए विशेष रक्षाबंधन गतिविधि आयोजित की गई। बच्चों ने एक-दूसरे की कलाई पर रंग-बिरंगी राखियां बांधकर भाई-बहन के स्नेह एवं पवित्र बंधन को अभिव्यक्त किया। बालकों ने बालिकाओं को उपहार स्वरूप चॉकलेट भेंट की। पारंपरिक परिधानों में सजे नन्हे-मुन्ने विद्यार्थियों ने कार्यक्रम की सुंदरता को और बढ़ा दिया।
रक्षाबंधन के अवसर पर विद्यालय की छात्राओं ने विद्यालय स्टाफ, कार्यालय कर्मचारियों, सुरक्षा गार्ड, वैन ड्राइवर, आर्मी ट्रक ड्राइवर सहित पेड़ को भी रक्षा सूत्र बांधकर पर्यावरण एवं समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी का संदेश दिया।
इसी क्रम में कक्षा 8वीं से 10वीं तक की छात्राएं हल्दीघाटी गेट, आर्मी कैंट एरिया पहुंचीं, जहां उन्होंने देश की रक्षा के लिए सदैव तत्पर रहने वाले भारतीय सेना के जवानों की कलाइयों पर प्रेम, सम्मान एवं कृतज्ञता की राखी बांधी। छात्राओं ने जवानों को रक्षाबंधन की शुभकामनाएं देते हुए उनके प्रति आभार व्यक्त किया। इस भावपूर्ण अवसर पर पूरा वातावरण देशभक्ति, भाईचारे और सम्मान की भावना से ओत-प्रोत रहा।
छात्राओं ने कहा कि जिस प्रकार भाई अपनी बहन की रक्षा का संकल्प लेते हैं, उसी प्रकार भारतीय सेना के जवान दिन-रात देश की सीमाओं और राष्ट्र की सुरक्षा के लिए तत्पर रहते हैं। वीर जवानों की कलाई पर राखी बांधना उनके लिए गर्व और सम्मान का विषय है।
विद्यालय प्रबंधन ने कहा कि ऐसे आयोजन विद्यार्थियों को भारतीय संस्कृति एवं परंपराओं से जोड़ने के साथ-साथ उनमें राष्ट्रप्रेम, संवेदनशीलता, पर्यावरण संरक्षण और सैनिकों के प्रति सम्मान की भावना विकसित करते हैं। रक्षाबंधन का संदेश केवल भाई-बहन के रिश्ते तक सीमित नहीं है, बल्कि यह समाज, प्रकृति और राष्ट्र की रक्षा के संकल्प से भी जुड़ा हुआ है।
विद्यालय में आयोजित रक्षाबंधन पर्व विद्यार्थियों के लिए एक अविस्मरणीय अनुभव रहा। विद्यार्थियों ने प्रेम, सौहार्द एवं भाईचारे का संदेश देते हुए देश की सुरक्षा में समर्पित वीर जवानों के प्रति सम्मान और कृतज्ञता व्यक्त की तथा राष्ट्रसेवा की भावना को अपने जीवन में अपनाने का संकल्प लिया।





