-अखिल नामा
बारां , 9 मई।शाहबाद जंगल को काटे जाने के सरकारी निर्णय के विरुद्ध चल रहे शाहबाद जंगल बचाओ आंदोलन को आज एक महत्वपूर्ण नैतिक और सामाजिक समर्थन प्राप्त हुआ। बॉलीवुड के सुपरहिट चरित्र अभिनेता ओम पुरी की पत्नी तथा प्रसिद्ध अभिनेता अन्नू कपूर की बहन, वरिष्ठ फिल्म निर्माता–निर्देशक सीमा कपूर ने इस निर्णय को दुर्भाग्यजनक बताते हुए आंदोलन के प्रति अपना पूर्ण समर्थन व्यक्त किया।
सीमा कपूर से शाहबाद जंगल बचाओ आंदोलन को संचालित कर रही शाहबाद घाटी संरक्षण संघर्ष समिति बारां की सोशल मीडिया टीम प्रभारी शशांक श्रोत्रिय एवं समिति के सदस्य उत्कर्ष शर्मा ने भेंट की। इस अवसर पर उन्होंने शाहबाद जंगल को लेकर अपनी गहरी चिंता साझा करते हुए कहा कि “जंगल केवल पेड़ों का समूह नहीं होते, बल्कि वे पर्यावरणीय संतुलन, जैव विविधता और भावी पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य का आधार हैं।”
उन्होंने कहा कि “विकास के नाम पर प्राकृतिक विरासत को नष्ट करना किसी भी दृष्टि से उचित नहीं है। शाहबाद जंगल जैसे हरित क्षेत्र शहरी जीवन के लिए “ग्रीन लंग्स” की भूमिका निभाते हैं और इनका संरक्षण आज की सबसे बड़ी आवश्यकता है।”
सीमा कपूर ने यह भी कहा कि ‘समाज के हर वर्ग कलाकारों, बुद्धिजीवियों, युवाओं और आम नागरिकों को मिलकर ऐसे आंदोलनों के साथ खड़ा होना चाहिए, ताकि सरकार तक जनभावनाओं की स्पष्ट और सशक्त आवाज़ पहुंचे।’
उन्होंने शाहबाद जंगल बचाओ आंदोलन को नैतिक समर्थन देते हुए पर्यावरण संरक्षण के लिए निरंतर जनजागरण की आवश्यकता पर बल दिया।
शाहबाद जंगल बचाओ आंदोलन के प्रतिनिधियों ने उनके समर्थन के लिए आभार व्यक्त करते हुए कहा कि ऐसे प्रतिष्ठित व्यक्तित्वों का साथ मिलना आंदोलन को नई ऊर्जा और व्यापक जनसमर्थन प्रदान करेगा। समिति ने दोहराया कि” यह आंदोलन किसी राजनीतिक उद्देश्य से नहीं, बल्कि प्रकृति, पर्यावरण और आने वाली पीढ़ियों के हित में चलाया जा रहा है।”
शाहबाद जंगल बचाओ आंदोलन के सदस्य शशांक श्रोत्रिय और उत्कर्ष शर्मा ने कहा कि ” शाहबाद घाटी संरक्षण संघर्ष समिति बारां आने वाले समय में भी शांतिपूर्ण, लोकतांत्रिक और संवैधानिक तरीकों से जंगल संरक्षण की अपनी मांग को मजबूती से उठाती रहेगी और समाज के हर जागरूक नागरिक से इसमें सहभागी बनने की अपील करती है।”





