कोटा/ मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने गुरुवार को शंभूपुरा में आयोजित कार्यक्रम में कोटा-बूंदी ग्रीन फील्ड एयरपोर्ट का शिलान्यास किया। इसके साथ ही नौनेरा वृहद पेयजल परियोजना और परवन-अकावद वृहद पेयजल परियोजना के लिए भूमि पूजन भी किया गया।
कार्यक्रम में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला, केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री के. राम मोहन नायडू, शिक्षा मंत्री मदन दिलावर, नागरिक उड्डयन राज्य मंत्री एवं कोटा जिले के प्रभारी मंत्री गौतम कुमार दक और ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर सहित कई जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।
इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का वीडियो संदेश भी सुनाया गया। प्रधानमंत्री ने कहा कि आज का दिन कोटा, बूंदी, बारां और झालावाड़ सहित पूरे हाड़ौती क्षेत्र के लिए नई आशा और उपलब्धि का दिन है। उन्होंने कहा कि कोटा केवल शिक्षा का ही नहीं, बल्कि ऊर्जा का भी महत्वपूर्ण केंद्र है। प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में कोटा कचोरी, कोटा डोरिया, कोटा स्टोन और सेंड स्टोन सहित क्षेत्र के धार्मिक स्थलों का भी उल्लेख किया।
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कहा कि क्षेत्र के लोगों की लंबे समय से ग्रीन फील्ड एयरपोर्ट की मांग थी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वर्ष 2023 में कोटा की धरती पर जो वादा किया था, वह आज पूरा हो रहा है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने भी लोकसभा चुनाव के दौरान कोटा एयरपोर्ट का सपना साकार करने का संकल्प लिया था, जो अब साकार हो रहा है।
1507 करोड़ की लागत से होगा निर्माण
कोटा-बूंदी ग्रीन फील्ड एयरपोर्ट का निर्माण लगभग 1507 करोड़ रुपये की लागत से किया जाएगा। एयरपोर्ट में 1000 यात्रियों की क्षमता वाला टर्मिनल होगा। करीब 20,000 वर्गमीटर क्षेत्रफल में बनने वाले टर्मिनल के साथ 3200 मीटर लंबा और 45 मीटर चौड़ा रनवे तैयार किया जाएगा। इसके अलावा ए-321 श्रेणी के विमानों की पार्किंग के लिए 7 एप्रन बे भी बनाए जाएंगे।
इस परियोजना के पूरा होने से हाड़ौती क्षेत्र के औद्योगिक, पर्यटन और शैक्षणिक विकास को नई गति मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।





