कोटा। मिड-डे मील योजना में वर्षों से कार्यरत महिलाओं ने कोटा कलेक्ट्री पर जोरदार प्रदर्शन कर अपनी आवाज बुलंद की। कार्यकर्ताओं ने न्यूनतम मजदूरी बढ़ाने और स्थायी नियुक्ति की मांग को लेकर कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा।धरने पर बैठी महिलाओं ने आरोप लगाया कि कुछ सरकारी स्कूलों में मशीनों के जरिए भोजन तैयार किया जा रहा है, जिसमें लापरवाही का स्तर इतना बढ़ गया है कि भोजन में कभी भी कीड़े-मकोड़े या जानवर गिर जाने जैसे मामले सामने आ सकते हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि इस तरह की मशीनों से तैयार भोजन की गुणवत्ता और बच्चों की स्वास्थ्य सुरक्षा की जिम्मेदारी आखिर कौन लेगा?
महिलाओं ने कहा कि वे लंबे समय से कम वेतन में कठिन परिस्थितियों में बच्चों को पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराती हैं, लेकिन सरकार द्वारा उनकी मजबूरियों और मेहनत को नजरअंदाज किया जा रहा है।
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर जल्द निर्णय नहीं लिया गया, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।धरने में बड़ी संख्या में मिड-डे मील कार्यकर्ता महिलाएं मौजूद रहीं।






