अब्दुल अलीम- कलम का खेल✍️
जयपुर। राजस्थान अधिस्वीकृत पत्रकार संघ की संविधान सभा एवं एडवाइजरी बोर्ड की बैठक डीआईपीआर के पूर्व अतिरिक्त निदेशक गोपाल प्रभाकर की अध्यक्षता, प्रसिद्ध साहित्यकार लोकेश कुमार साहिल के मुख्य आतिथ्य तथा एनयूजेआई के राष्ट्रीय महासचिव राकेश शर्मा के विशिष्ट आतिथ्य में सम्पन्न हुई।
कार्यक्रम का शुभारंभ डॉ. शांतिकुमार पाटिल के मंगलाचरण एवं डॉ. रशिका महर्षि की सरस्वती वंदना से हुआ। संघ के संयोजक डॉ. अखिल बंसल ने भावपूर्ण काव्यमय स्वागत करते हुए उद्घाटन वक्तव्य में कहा कि आज हम उस संगठन की संवैधानिक नींव को अंतिम रूप देने के लिए एकत्र हुए हैं, जिसका उद्देश्य राजस्थान के अधिस्वीकृत पत्रकारों को एक सशक्त, सम्मानजनक और संगठित मंच प्रदान करना है।
मुख्य अतिथि लोकेश कुमार साहिल ने कहा कि “खबर तो वह है जो सरकार छुपाना चाहे, बाकी सब विज्ञापन है।” उन्होंने कहा कि पत्रकारिता में आई कमियों पर गंभीरता से कार्य करना आज आवश्यक है।
अध्यक्षीय उद्बोधन में डीआईपीआर के पूर्व अतिरिक्त निदेशक गोपाल प्रभाकर ने कहा कि सूचना क्रांति के वर्तमान दौर में सकारात्मक पत्रकारिता की उपयोगिता और अधिक बढ़ गई है। पत्रकार अपनी कलम के माध्यम से सच्चाई और अच्छाई को उजागर करें, ताकि देश में स्वस्थ एवं सुदृढ़ वातावरण का निर्माण हो सके।
वरिष्ठ पत्रकार अशोक शर्मा ने सुझाव दिया कि बिहार सरकार की तर्ज पर राजस्थान में भी पत्रकार के 60 वर्ष की आयु पूर्ण करने पर स्वतः सम्मान राशि प्रारंभ की जानी चाहिए। डॉ. रशिका महर्षि ने पत्रकारों को चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने तथा सरकार की ओर से सामूहिक जीवन बीमा योजना लागू करने की मांग का सुझाव रखा।
बैठक में उपस्थित पत्रकारों ने संघ के संविधान में विभिन्न उपयोगी संशोधन एवं सुझाव प्रस्तुत किए। विचार-विमर्श के पश्चात एडवाइजरी बोर्ड एवं संविधान सभा ने आवश्यक संशोधनों के साथ राजस्थान अधिस्वीकृत पत्रकार संघ का संविधान सर्वसम्मति से पारित किया।
सभा ने संघ के संयोजक डॉ. अखिल बंसल द्वारा अब तक किए गए कार्यों की सराहना की। उनके द्वारा संयोजक पद से दिए गए त्यागपत्र को सभा ने अस्वीकार करते हुए उन्हें संघ के अध्यक्ष पद पर मनोनीत करने की घोषणा की। उपस्थित सदस्यों ने करतल ध्वनि से इसका अनुमोदन किया।एडवाइजरी बोर्ड के वरिष्ठ सदस्य रामानंद जी व धनरूप जी लाहोटी के अथक प्रयास से ही यह संघठन खडा हो सका है।
अध्यक्ष डॉ. अखिल बंसल ने कार्यसमिति के प्रमुख पदाधिकारियों की घोषणा की। सुरेश पारीक को उपाध्यक्ष, डॉ. तरुण जैन को महासचिव, डॉ. रशिका महर्षि को सचिव, दिनेश सिंघल को कोषाध्यक्ष तथा अकलेश जैन को संगठन सचिव बनाया गया।
एडवाइजरी बोर्ड में राकेश शर्मा एवं संजय सैनी को शामिल किया गया, जबकि लोकेश कुमार साहिल, गोपाल प्रभाकर एवं फारूक आफरीदी को संरक्षक बनाया गया।
संघ के पंजीकरण की प्रक्रिया पूर्ण कराने का दायित्व डॉ. अखिल बंसल, राकेश शर्मा एवं सुरेश पारीक को सौंपा गया। संविधान सभा में उपस्थित पत्रकारों को कार्यसमिति में सम्मिलित करने का भी निर्णय लिया गया।
बैठक में संगठन को व्यापक एवं प्रभावी स्वरूप देने के लिए राजस्थान के सभी सातों संभागों में एक-एक उपाध्यक्ष एवं सचिव का पद निर्धारित करने तथा प्रत्येक जिले को कार्यकारिणी में प्रतिनिधित्व देने का निर्णय लिया गया।
कार्यक्रम का संचालन अकलेश जैन ने किया तथा आभार प्रदर्शन हेमलता गुप्ता ने किया।





