कोटा । कर्णेश्वर पर्यावरण संरक्षण समिति, चम्बल संसद ने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला, जिला कलेक्टर एवं सार्वजनिक निर्माण विभाग के अतिरिक्त मुख्य अभियंता को न्याय भवन के ली सैकड़ों पेड़ों की बलि लेने पर आपत्तियां दर्ज कराई।
कोटा में न्यायालय के प्रस्तावित न ए भवन के लिए 125 से अधिक पुराने और विशाल पेड़ काटे जाएंगे। हमारा सुझाव है कि इन पेड़ों को काटे बिना विकास कार्य हों। ऐसी तकनीक और रि डिजाइन किया जाए। देश में कई जगह पेड़ों को काटे बिना भी विकास हुए हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के एक पेड़ मां के नाम, राजस्थान सरकार के हरियालो राजस्थान की भावना का सम्मान करते हुए पेड़ कटने पर तत्काल रोक लगावें । हमारा ये भी सुझाव कि भविष्य में कोटा के एयरपोर्ट की जमीन पर मिनी सचिवालय के साथ ही न्याय भवन बनावें और पर्यावरण का संरक्षण कर संविधान की भावना का सम्मान करें। हमारे पास ग्रीन बिल्डिंग तकनीकी विशेषज्ञ मौजूद हैं उनकी सेवाएं ली जा सकती है यदि उचित समझें तो। प्रतिनिधि मंडल में समिति अध्यक्ष राजेंद्र गंभीर,संरक्षक सेवा निवृत्त कलेक्टर पी सी पवन ,चम्बल संसद अध्यक्ष के बी नंदवाना, गायत्री परिवार के जीडी पटेल,संरक्षक यज्ञदत्त हाडा,संयोजक बृजेश विजयवर्गीय, उपाध्यक्ष अनिता चौहान, वीनस विज आदि मौजूद रहे।






