_भारत सिंह चौहान
कोटा/हरिद्वार। देश के प्रख्यात नेत्र सर्जन एवं लेखक डॉ. सुरेश कुमार पाण्डेय ने हाल ही में हरिद्वार स्थित पतंजलि योगपीठ पहुँचकर योग गुरु एवं संस्थापक पूज्य स्वामी रामदेव जी से शिष्टाचार भेंट की। इस विशेष अवसर पर डॉ. पाण्डेय ने स्वामी जी को अपनी नवीनतम बहुचर्चित पुस्तक ‘शतायु भवःः 100 वर्षों तक युवा, रोगमुक्त, सक्रिय और आनंदमय जीवन का वैज्ञानिक ब्लूप्रिंट’ सप्रेम भेंट की।
मंच से संबोधित करते हुए स्वामी रामदेव ने ‘शिक्षा की काशी’ कहे जाने वाले कोटा शहर की भी सराहना की। उन्होंने कोटा आने वाले प्रत्येक विद्यार्थी को बेहतरीन शिक्षा के साथ-साथ उच्च संस्कार देने के लिए एलन करियर इंस्टीट्यूट के निदेशक श्री राजेश माहेश्वरी जी को विशेष रूप से आशीर्वाद दिया। साथ ही, नेत्र चिकित्सा एवं स्वास्थ्य जागरूकता के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने के लिए सुप्रसिद्ध नेत्र सर्जन डॉ. सुरेश पाण्डेय को ‘ सात्विक चिकित्सक ’ की उपाधि देते हुए उनके जनकल्याणकारी प्रयासों की मुक्तकंठ से सराहना की।
सुवि नेत्र चिकित्सालय एवं लेसिक लेजर सेन्टर, कोटा के वरिष्ठ नेत्र सर्जन डॉ. पाण्डेय ने अपने 30 वर्षों के गहन चिकित्सकीय अनुभव एवं एक लाख से अधिक सफल नेत्र सर्जरियों के आधार पर इस पुस्तक की रचना की है। ‘ शतायु भवः ’ केवल एक किताब नहीं, बल्कि योग, प्राणायाम, आयुर्वेद, सात्विक आहार और आधुनिक एंटी-एजिंग साइंस का एक संतुलित समन्वय है। यह वर्तमान समय में तेजी से बढ़ती जीवनशैली जनित बीमारियों के समाधान की दिशा में एक सार्थक पहल है।
इस अवसर पर डॉ. सुरेश पाण्डेय ने अपने विचार साझा करते हुए कहा कि उनका उद्देश्य केवल क्लिनिक में रोगों का उपचार करना नहीं है, बल्कि आमजन को एक स्वस्थ और प्राकृतिक जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करना है ताकि लोग दीर्घकाल तक ऊर्जावान, रोगमुक्त और आनंदमय जीवन जिएं।
यह पुस्तक आमजन, चिकित्सकों एवं स्वास्थ्य के प्रति जागरूक प्रत्येक व्यक्ति के लिए एक प्रेरणादायक मार्गदर्शिका सिद्ध होगी। इस गरिमामयी अवसर पर एलन करियर इंस्टीट्यूट के निदेशक श्री राजेश माहेश्वरी, सुवि नेत्र चिकित्सालय कोटा की निदेशिका डॉ. विदुषी शर्मा, साइंटिफिक एवं होलिस्टिक हीलर डॉ. संजय सोनी, श्री सी. आर. चौधरी, डॉ. ललित मोहन कोठारी, श्री विजय सोनी, श्री अशोक गुप्ता, डॉ. ललिता कोठारी और श्री राधेश्याम झंवर सहित कई गणमान्य एवं प्रबुद्धजन उपस्थित थे।






