कोटा। श्रीनाथपुरम स्थित ब्ल्यू सफायर सभागार में रविवार को राष्ट्रीय बाल साहित्यकार सम्मान समारोह 2025 धूमधाम से आयोजित हुआ। कार्यक्रम में डॉ. युगल सिंह की बहुचर्चित पुस्तक ‘हाड़ौती अंचल का बाल साहित्य: उद्भव व विकास’ का लोकार्पण किया गया।
समारोह के मुख्य अतिथि मध्यप्रदेश साहित्य अकादमी भोपाल के निदेशक डॉ. विकास दवे रहे, जबकि कार्यक्रम की अध्यक्षता डॉ. दिविक रमेश ने की।
कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में रतनगढ़ नीमच के वरिष्ठ साहित्यकार ओम प्रकाश क्षत्रिय तथा दुर्ग (छत्तीसगढ़) के साहित्यकार बलदाऊ राम साहू उपस्थित रहे। समारोह के मुख्य वक्ता जयसिंह आशावत (नैनवां) रहे और संचालन रामनारायण मीणा हलधर ने किया। आयोजन के संरक्षक जितेन्द्र निर्मोही थे।
सम्मान समारोह में 14 अमृत सम्मान, 5 अतिविशिष्ट सम्मान और 20 विशिष्ट सम्मान प्रदान किए गए। देशभर से आए बाल साहित्यकारों एवं साहित्य प्रेमियों ने कार्यक्रम को यादगार बनाया।
कार्यक्रम के दौरान बाल साहित्य के संवर्धन, हाड़ौती क्षेत्र की साहित्यिक परंपरा और नई पीढ़ी के लिए रचनात्मक वातावरण तैयार करने पर विस्तृत चर्चा हुई। समारोह का मुख्य आकर्षण डॉ. युगल सिंह की पुस्तक का लोकार्पण रहा, जिसे बाल साहित्य की ऐतिहासिक व शैक्षणिक दृष्टि से महत्वपूर्ण कृति बताया गया।
कार्यक्रम के सफल आयोजन के साथ कोटा ने एक बार फिर साहित्यिक गतिविधियों में अपनी विशिष्ट पहचान दर्ज कराई।






