कोटा के गन्दी जी की पुल इलाके में दिपावली के अवसर पर माँ काली का महापूजन आयोजित किया जाता है। इस महापूजन में यहाँ के आस-पास स्थानीय लोग एवं आस-पास के व्यापारीयों का योगदान रहता है। बंगाली समाज के सहयोग से महाकाली का पूजन संपन्न हो पाता है, समाज बंधु इस महा आयोजन अपना-अपना सहयोग प्रदान करते हैं।काली माता उत्थान एवं विकास समिति (बंगाली समाज) के अध्यक्ष उत्तम दास के नेतृत्व में विगत 20 साल से गांधी जी पुल पर मां काली का महा पूजन आयोजित किया जाता है ।
प्रथम दिन माँ काली की प्रतिमा स्थापित की जाती है, रात्रि से पूजन शुरू होता है जो इसरे दिन सुबह तक यहां महाजागरण एवं पूजन किया जाता है कार्यक्रम एवं श्री राम, इता दिन भजन संध्या का कार्यक्रम एवं भगवान राम, हनुमान, माँ काली की सुंदर – सुंदर झांकिया प्रस्तुत की गई। तीसरे दिन शाम को भंडारे का आयोजन किया गया, प्रसाद ग्रहण करने वालों के आगमन तक भंडारा चलता है, इस दिन माँ काली की महाआरती व भजन संध्या होती है, अंतिम दिन हमारी माँ विदा होने का -चौथा दिन होता है, इस दिन समाज की महिलाएं सामूहिक रूप से सिंदूर समारोह का आयोजन किया जाता है, बडा ही आंनद उत्साह का माहौल बना रहता हैं, इस दिन शाम को महाकाली जुलुम निकाला जाता है माँ को विसर्जन के साथ विदाई दी जाती है।






