कोटा। रंगबाड़ी कामखेड़ा बालाजी एवं सामूहिक कोटा वासियों के तत्वावधान में आयोजित श्रीराम कथा का शुभारंभ भक्ति, श्रद्धा और उल्लास के वातावरण में भव्य कलश यात्रा के साथ हुआ। कार्यक्रम की शुरुआत बालाजी मंदिर से निकाली गई कलश यात्रा से की गई, जिसमें महिलाओं ने सिर पर कलश धारण कर मंगल गीतों के साथ भगवान श्रीराम के जयकारे लगाए।
कलश यात्रा में हरिराम शर्मा, तुलसीराम शर्मा, ओम प्रकाश गौतम, संगीता शर्मा, मोहनलाल बंजारा सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। श्रद्धालु भक्तिभाव से झूमते हुए कथा स्थल राधा रानी पार्क पहुँचे, जहाँ विधिवत पूजन-अर्चन कर श्रीराम कथा का मंगलारंभ किया गया।
कथा के प्रथम दिवस आचार्य तुलसीराम शर्मा ने भगवान श्रीराम की बाल लीलाओं का सजीव वर्णन करते हुए उनके आदर्श चरित्र पर प्रकाश डाला। उन्होंने श्रीराम के वन गमन प्रसंग को प्रस्तुत करते हुए त्याग, मर्यादा और आज्ञापालन का संदेश दिया। साथ ही राम राज्य की परिकल्पना को आज के समाज के लिए प्रासंगिक बताते हुए कहा कि राम राज्य न्याय, करुणा और लोककल्याण का प्रतीक है।
आचार्य शर्मा के भावपूर्ण प्रवचनों से कथा स्थल राममय हो उठा और श्रद्धालु भक्ति रस में सराबोर नजर आए। कथा आयोजन के दौरान संगीतमय प्रस्तुति, मंत्रोच्चार और आरती ने वातावरण को और अधिक आध्यात्मिक बना दिया।
आयोजकों ने बताया कि श्रीराम कथा के आगामी दिनों में भी विभिन्न प्रसंगों का विस्तार से वर्णन किया जाएगा। कथा के माध्यम से समाज में संस्कार, सद्भाव और राम के आदर्शों को आत्मसात करने का संदेश दिया जा रहा है।






