कोटा।कोटा विकास प्राधिकरण (केडीए) द्वारा अवैध अतिक्रमण के खिलाफ सख्त कार्रवाई करते हुए थाना नान्ता क्षेत्र के ग्राम शम्भूपुरा में बड़ी सफलता हासिल की गई। केडीए/न्यास की खसरा संख्या 124, 125, 126, 126/372, 128, 128/376, 129 से 141 तक कुल 34.27 हेक्टेयर (लगभग 214 बीघा) भूमि पर अतिक्रमणकारियों द्वारा बनाई गई बाउंड्रीवाल एवं पत्थरकोट को ध्वस्त कर भूमि को मुक्त कराया गया।
यह कार्रवाई को कोटा विकास प्राधिकरण के अतिक्रमण निरोधक दस्ते द्वारा, पुलिस अधीक्षक जिला कोटा शहर के निर्देशानुसार उपलब्ध कराए गए भारी पुलिस जाप्ते के साथ शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई।
केडीए सचिव मुकेश कुमार चौधरी ने जानकारी देते हुए बताया कि हटाई गई अतिक्रमित भूमि की बाजार कीमत 84 करोड़ रुपये से अधिक आंकी गई है, जो प्राधिकरण की अत्यंत महत्वपूर्ण संपत्ति थी।
मौके पर रहे ये अधिकारी
अतिक्रमण हटाने की इस बड़ी कार्रवाई के दौरान तहसीलदार हिम्मत सिंह, सुरेन्द्र शर्मा, भू-अभिलेख निरीक्षक मुरलीधर पारेता, हरीश कुमार गुप्ता, भवानीशंकर कारपेंटर, हरीशचंद्र प्रजापति, विवेकपाल सिंह, पटवारी रामनिवास मेघवाल, अमित कुमार सहित तकनीकी शाखा से अधिगावी अभियंता अंकित अग्रवाल, सहायक अभियंता राहुल जैन उपस्थित रहे।
साथ ही पुलिस प्रशासन की ओर से थानाधिकारी नान्ता चेतन शर्मा, कुन्हाड़ी मांगेलाल यादव, रेलवे कॉलोनी रामस्वरूप मय पुलिस जाप्ता मौके पर तैनात रहा।
अतिक्रमणकारियों को सख्त चेतावनी
केडीए की ओर से ममता तिवारी ने स्पष्ट किया कि अतिक्रमण हटाने का यह अभियान निरंतर जारी रहेगा। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि जो भी व्यक्ति कोटा विकास प्राधिकरण की भूमि पर अवैध कब्जा किए हुए हैं, वे स्वयं ही कब्जा हटा लें, अन्यथा संबंधित थाने में एफआईआर दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
👉 केडीए की इस कार्रवाई से शहर में अवैध कब्जाधारियों में हड़कंप मच गया है और यह संदेश साफ है कि सरकारी जमीन पर कब्जा अब नहीं चलेगा।






