कोटा/आज मेडतवाल वैश्य समाज के एकमात्र आध्यात्मिक भजन गायक एवं श्याम बाबा के उपासक ,हनुमान जी के परम भक्त परम पूजनीय झालरापाटन से अपनी वाणी की आभा को भारत के कई राज्यों में आध्यात्मिक संगीत से गुंजायमान करने वाले सुप्रसिद्ध अध्यात्म गुरु भजन गायक कमलेश जी राधे राधे का सपत्नीक डॉ नयन प्रकाश गांधी प्रीति गांधी एवं सुपुत्र भूअंश गांधी द्वारा माल्यार्पण ,शाल ,श्रीफल चन्दन टिका से स्वागत अभिनंदन किया गया।

गांधी ने बताया कि यह परम सौभाग्य का क्षण रहा है कमलेश जी कोटा नगरी में कार्यक्रम की व्यस्तता चलते घर में पधारे और उनका आशीर्वाद प्राप्त हुआ। कमलेश जी राधे राधे अपनी टीम के साथ पिछले तीन दशकों से संगीत के माध्यम से देश भर में मशहूर है । सनातन संस्कृति को एवं साधारण भगवा वेशभूषा में सदैव रहना उनका भगवान श्री राम एवं हनुमान जी के प्रति गहरी आस्था प्रदर्शित करता है । कमलेश जी राधे राधे बताते है कि उन्होंने अध्यात्म संगीत का क्षेत्र हर आम जन हितार्थ एवं नव पीढ़ी को आदर्शों संस्कृति के साथ संस्कारों में पल्लवित करने हेतु अपनाया है और उनकी भजन मंडली एवं अन्य आध्यात्मिक कार्यक्रम का उद्देश्य सामाजिक रूप से भारतीय संस्कृति को बढ़ावा देना है उन्होंने अध्यात्म क्षेत्र को कभी व्यवसायिक रूप से संलग्न नहीं किया है ,भक्तजन श्रद्धानुसार जो भजन मंडली कार्यक्रम में जो देते है उसे वे और उनकी टीम निस्वार्थ भाव से प्रसन्नता के साथ स्वीकार कर आगे बढ़ती है ,आज इसी का परिणाम है कि उनका कारवां बढ़ता जा रहा है और उनके कार्यक्रम की लिस्ट कभी किसी स्तर पर कम नहीं होती है अपितु लगातार बुक्ड रहती है।

कमलेश जी राधे राधे अंतःकरण से मानते है कि अध्यात्म ,संस्कृति को पैसे से नहीं तौला जा सकता हालांकि वित्तीय युग में खर्च का हवाला देते हुए कई भजन गायक अध्यात्म का मुखौटा पहने हुए इस क्षेत्र को प्रोफेशनल रूप दे दिया है जो गलत है ,उनकी दृष्टि में आध्यात्मिक भजन कार्यक्रमों से कई बड़े बड़े दुखों को मिटते देखा है ,आज इसी वजह से वह इसे सेवा परमो धर्म के माध्यम से आगे बढ़ा रहे है और सर्व सुलभ रूप से हर श्याम बाबा के भक्तों के लिए हर समाज में आध्यात्मिक सेवा कार्यक्रम के लिए सदैव तैयार रहते है।






