बिगुल जैन
कोटा । विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग, क्षेत्रीय कार्यालय कोटा की ओर से वंदे गंगा-जल संरक्षण जन अभियान के अंतर्गत बुधवार को ओम कोठारी इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड रिसर्च, अन्नतपुरा, कोटा महाविद्यालय में अंतर महाविद्यालय चित्रकला प्रतियोगिताए पौधारोपण, व संगोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में एक ओर प्रतिभागियों ने चित्रकला के माध्यम से जल के संरक्षण को महत्वपूर्ण बताया वहीं दूसरी ओर संगोष्ठी में इसे संरक्षित करने के प्रयासों पर बल दिया गया।कार्यक्रम के मुख्य अतिथि वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान के जिला संयोजक एवं नगर निगम कोटा के नेता प्रतिपक्ष माननीय डॉ विवेक राजवंशी रहे। विशिष्ट अतिथि एवं विषय विशेषज्ञ के रूप में प्रोफेसर डॉ नीरजा श्रीवास्तव एवं चंबल संसद के अध्यक्ष श्री बृजेश विजयवर्गीय ने इस विषय पर अपने विचार रखे। कार्यक्रम के दौरान ओम कोठारी संस्थान के निर्देशक डॉ अमित सिंह राठौड़, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग के सहायक निदेशक डॉ विकास शर्मा, पूर्व जिला शिक्षा अधिकारी श्री यतीश विजयवर्गीय, शिक्षाविद श्री राजेंद्र सिंह, वैदिक गणित विशेषज्ञ श्री रघुवीर सिंह, सेवानिवृत्त डिप्टी चीफ इंजीनियर धर्मल श्री बिगुल जैन, कार्यक्रम संचालक व्याख्याता प्रतीक गुप्ता, व्याख्याता एवं विद्यार्थी गण मौजूद रहे।
कार्यक्रम की शुरुआत पौधारोपण एवं पौधा वितरण के साथ हुई। इसके पश्चात अंतर महाविद्यालय चित्रकला प्रतियोगिता का आयोजन हुआ जिसमें विद्यार्थियों ने चित्रों के माध्यम से पर्यावरणीय समस्याओं को उजागर करते हुए उसके समाधानों के बारे में अपनी तूलिका से रंग बिखेरे।
इस अवसर पर संगोष्ठी का भी आयोजन किया गया। संगोष्ठी के दौरान अपने स्वागत भाषण के दौरान संस्थान निदेशक डॉ अमित सिंह राठौड़ ने जल की वर्तमान स्थिति को देखते हुए कार्यक्रम को अत्यंत प्रासंगिक बताया। उन्होंने विद्यार्थियों से जल संरक्षण हेतु इस मुहिम में आगे आने का आह्वान किया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि डॉ विवेक राजवंशी ने जीवन हेतु पांच तत्वों में से प्रमुख जल के संरक्षण को भावी पीढ़ी के अस्तित्व हेतु आवश्यक बताया। उन्होंने सरकार द्वारा इस दिशा में किया जा रहे प्रयासों के बारे में संवेदनशील सरकार का महत्वपूर्ण प्रयास बताते हुए कहा कि जन सहयोग अतिआवश्यक हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को कहा कि युवा ही इस मुहिम के सूत्रधार हैं व जन जागृति फैला सकते हैं। विषय विशेषज्ञ के रूप में डॉ नीरजा श्रीवास्तव ने उपस्थित जनों से जल संरक्षण हेतु अपने घर से ही छोटे-छोटे प्रयासों को प्रारंभ करने के लिए कहते हुए विद्यार्थियों को इसमें आगे आने हेतु प्रेरित किया। श्री बृजेश विजयवर्गीय ने बताया कि चंबल जो की कोटा की जीवन रेखा है, अतः चंबल संरक्षण के सर्वाधिक प्रयासों की दरकार कोटा में ही है। उन्होंने चंबल को बचाने को आवश्यक बताया। डॉ विकास शर्मा ने सभी उपस्थित अतिथियों को धन्यवाद ज्ञापित किया। उन्होंने बंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान के अंतर्गत 5 जून से निरंतर जारी विभिन्न गतिविधियों जैसे स्वच्छता श्रमदान पौधारोपण शपथ ग्रहण आदि के बारे में उपस्थित जनों को जानकारी दी।
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित जनों एवं विद्यार्थियों को जल संरक्षण हेतु शपथ भी दिलवाई गई। इस अवसर पर अंतर महाविद्यालय चित्रकला प्रतियोगिता में प्रथम स्थान प्राप्तकर्ता राजकीय महाविद्यालय के निखिल बंजारा एवं द्वितीय स्थान पर रहीं राजकीय महाविद्यालय की छात्रा नगर कृष्णा एवं तृतीय स्थान प्राप्त करने वाली ओम कोठारी महाविद्यालय की छात्रा कशिश शमा को मुख्य अतिथि एवं अन्य अतिथियों द्वारा नगद पुरस्कारा एव सभो प्रतिभागिया का प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ।






