कोटा.
सड़क सुरक्षा माह के अंतर्गत मंगलवार को परिवहन विभाग छत्रपुरा पर रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। टीम जीवनदाता, कोटा सड़क सुरक्षा समिति, लायंस क्लब कोटा टेक्नो, एवं स्व. प्रेमचंद गुप्ता मेमोरियल ट्रस्ट की ओर से आयोजित रक्तदान शिविर में लोगों ने बढ चढ कर भाग लिया और रक्तदान कर सेवा का संकल्प लिया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में प्रादेशिक परिवन अधिकारी मनीष शर्मा, यातायात पुलिस उपाधीक्षक अशोक मीणा उपस्थित रहे ।रक़्तदान शिविर का शुभारंभ आरटीओ मनीष कुमार शर्मा , पुलिस उपाधीक्षक अशोक मीणा , अतिरिक्त प्रादेशिक परिवहन अधिकारी राजीव त्यागी ने स्वम् रक्तदान कर किया । शिविर में आरटीओ इंस्पेक्टर देवेन्द्र जोशी का सहयोग रहा । कुल 43 लोगो ने उत्साह से रक्तदान किया । कोटा सड़क सुरक्षा समिति के सह सचिव व शिविर आयोजक भुवनेश गुप्ता ने बताया कि इस अवसर पर आरटीओ विभाग, बस आॅपरेटर ऐसोसिएशन, यातायात विभाग, यातायात विभाग व कई लोगों ने रक्तदान किया। इस अवसर पर *रक्तदान : उपादेयता, भ्रांति उन्मूलन* विषय पर बोलते हुवे आरटीओ मनीष शर्मा ने कहा कि रक्त हमेशा किसी की रगों में बहना चाहिए, सड़कों पर नहीं। उन्होंने कहा कि रक्त का महत्व प्राप्त करने वाला भली भांती जानता है। उन्होंने कहा कि उनका भी ब्लड ग्रुप ओ नेगेटिव है , जिनकी अहमियत उन्हें एक इमरजेंसी होने पर महसूस हुई । उनके बाद वे एक ग्रुप से जुड़े जिसने आपातकालीन स्थिति में मरीजों की मदद हो सके । उन्होंने स्वम् रक्तदान कर भ्रांतियों को दूर कर हर तीन माह में रक्तदान करने की बात पर बल दिया । पुलिस उपाधीक्षक ट्रैफिक अशोक मीणा ने कहा कि यदि यातायात नियमों का पालन किया जाए तो दुर्घटना में कमी लाई जा सकती है वहीं परिवार को बिखरने से बचाया जा सकता है। एक्सीडेंट के कारण कई जिंदगियां तबाह हो गई, कई लोगों के घर बर्बाद हो गए। ऐसे में हमे संयम रखना चाहिए, दुर्घटना से देर हो जाए वह बेहतर है। कुछ मिनट के कारण जिंदगी के कई अनमोल दिन और साल बर्बाद हो जाते हैं। राजीव त्यागी ने दुर्घटना के उपरांत गोल्डन आवर में ब्लड को मेडिकल सपोर्ट सिस्टम का सबसे प्रभावशाली व निर्णायक जीवनद्रव्य बताया । कार्यक्रम समन्वयक के के सक्सेना ने भी अपने विचार व्यक्त करते हुए रक्तदान को स्वयं के स्वास्थ्य के लिए बेहतर बताया और जरूरतमंदों के लिए वरदान बताया। इस अवसर पर बस आॅपरेटर ऐसोसिएशन के अध्यक्ष सत्य नारायण साहू, परिजन और कई विभागों के स्टॉफ ने रक्तदान किया। मुख्य रूप से परमिंदर सिंह ने 129 वी बार रक्तदान कर लोगों को प्रेरणा दी।इस अवसर पर लायंस क्लब कोटा टेक्नो के अध्यक्ष ए के गुप्ता व रजनी गुप्ता ने शिविर में रहकर अपनी सेवाए प्रदान की । टीम जीवनदाता के संस्थापक भुवनेश गुप्ता ने संगोष्ठी में उद्भोधन देते हुये कहा कि रक्तदान की भावना को जागृत करने के उद्देश्य से किसी शायर ने बहुत खूब कहा है “ मौका दे अपने खून को किसी ओर की रगों में बहने का , ये लाजवाब तरीका है जिस्मो में जिंदा रहने का “ । उन्होंने कहा कि दुर्घटना होने के बाद किसी मरीज के लिए रक्तदान संजीवनी है।हर व्यक्ति को रक्तदान को अपनी परंपरा बना लेना चाहिए ।





