कोटा में ट्रांसफार्मर की अर्थिंग के तार को लेकर विवाद बना हत्या की वजह, 6 आरोपी गिरफ्तार
मोडक थाना पुलिस की कार्रवाई, हत्या में प्रयुक्त फावड़ा, लकड़ियां और सरिये बरामद
कोटा। कोटा ग्रामीण के मोडक थाना क्षेत्र के तेलियाखेड़ी गांव में ट्रांसफार्मर की अर्थिंग का तार हटाने को लेकर हुआ विवाद हत्या की वजह बन गया। मामले में मोडक थाना पुलिस ने कार्रवाई करते हुए छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर वारदात में इस्तेमाल किया गया लोहे का फावड़ा, लकड़ियां और सरिये भी बरामद किए हैं।
कोटा ग्रामीण पुलिस अधीक्षक सुजीत शंकर ने बताया कि 27 अक्टूबर को तेलियाखेड़ी गांव में सुरेश चन्द अहीर पर लोहे के फावड़े, लकड़ियों और सरियों से हमला किया गया था। हमले में गंभीर रूप से घायल सुरेश चन्द की झालावाड़ स्थित एसआरजी अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई। घटना में उनकी पत्नी शम्भू बाई भी घायल हुई थीं।
अर्थिंग का तार हटाने को लेकर हुआ था विवाद
पुलिस के अनुसार, मृतक के पुत्र महेन्द्र कुमार ने रिपोर्ट दर्ज करवाई थी कि उनके खेत के पास स्थित खेत में नरेश कुमार और यादव कुमार का डीपी ट्रांसफार्मर लगा हुआ था। ट्रांसफार्मर का एक पोल उनके खेत में गड़ा था और अर्थिंग का तार भी उनके खेत की तरफ लगाया गया था। मृतक सुरेश चन्द और उनकी पत्नी शम्भू बाई ने अर्थिंग का तार हटाने के लिए कहा था। इसी बात को लेकर विवाद हुआ, जिसके बाद सुरेश चन्द पर हमला किया गया।
रिपोर्ट के आधार पर मोडक थाने में मुकदमा नंबर 233/2026 दर्ज कर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(1), 115(2), 189(2), 190, 191(2) और 191(3) के तहत अनुसंधान शुरू किया गया।
विशेष टीम ने छह आरोपियों को किया गिरफ्तार
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने विशेष टीम गठित की। टीम ने मुखबिर तंत्र और लगातार प्रयासों के आधार पर 1 नवंबर को छह आरोपियों को गिरफ्तार किया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान नरेश कुमार (48), मनीष कुमार (36), मुकुट बिहारी (28), जयप्रकाश (30), दिनेश कुमार (33) और ललित कुमार (31) के रूप में हुई है। सभी आरोपी तेलियाखेड़ी गांव, थाना मोडक, जिला कोटा के निवासी हैं।
वारदात में इस्तेमाल हथियार बरामद
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों को पुलिस कस्टडी रिमांड पर लेकर पूछताछ की। अनुसंधान के दौरान आरोपियों की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त लोहे का फावड़ा, लकड़ियां और सरिये बरामद किए गए हैं। पुलिस मामले में आगे की जांच कर रही है।
पुलिस टीम: इस कार्रवाई में मोडक थानाधिकारी राजेन्द्र प्रसाद सहित थाना पुलिस टीम के सदस्यों की भूमिका रही।








