भारत सिंह चौहान
कोटा । भारतीय जनता पार्टी राजस्थान के मीडिया संपर्क विभाग के प्रदेश सह-संयोजक अरविन्द सिसोदिया ने कांग्रेस नेता राहुल गाँधी द्वारा देश के संवैधानिक एवं जनता द्वारा निर्वाचित प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह के विरुद्ध की गई निम्नस्तरीय बयानबाजी की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि यह कांग्रेस नेता के गिरे और बिगड़े हुये मानसिक संतुलन का परिचायक है।
सिसोदिया ने कहा कि, “प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदीजी के प्रति विश्वभर में सम्मान और समर्थन लगातार बढ़ रहा है। वे विषम परिस्थितियों को संभालने की अद्भुत क्षमता रखते हैं। यही कारण है कि वे जिस देश में जाते हैं, वहाँ उन्हें नागरिक सम्मानों से सम्मानित किया जाता है। वे 32 सर्वोच्च नागरिक सम्मान एवं संयुक्त राष्ट्र संघ की समिति से सम्मान प्राप्त करने वाले पहले भारतीय राजनेता हैं। उनके सम्मान से देश का मस्तक ऊँचा होता है। यह भारत की जनता के प्रधानमंत्री मोदीजी में अटूट विश्वास और आशीर्वाद का ही परिणाम है।”
सिसोदिया ने कहा कि, “भारत के प्रधानमंत्री मोदीजी की गगनचुंबी ऐतिहासिक सफलताओं और सम्मानों से कांग्रेस नेतृत्व बुरी तरह बौखला गया है तथा वह अपनी ईर्ष्या को ‘जले-भुने बयानों’ के माध्यम से प्रकट करता है। कांग्रेस के विफल राजकुमार मोदीजी की सफलताओं से इतने विचलित हैं कि उनके मुख से निरंतर ‘मन की गंदगी’ बाहर आती रहती है, जो उनके मानसिक संतुलन के आराजक और बिगडे होनें का प्रमाण है।”
सिसोदिया नें कहा कि ” भारत के गृह मंत्री अमित शाह न केबल मजबूत गृहमंत्री हैँ बल्कि उन्होंने देश की आंतरिक व्यवस्थाओं को संभालने में कुशल रणनीति हांसिल की है। वे भारत सफलतम गृहमंत्री हैँ पूरा देश उन पर विश्वास करता है। ”
अरविन्द सिसोदिया ने कहा कि, “आज देश की जनता विकास, सुशासन, राष्ट्रीय सुरक्षा और आत्मनिर्भर भारत के संकल्प के साथ प्रधानमंत्री मोदीजी के नेतृत्व में मजबूती से खड़ी है। दूसरी ओर कांग्रेस के नेता जनता के मुद्दों पर बात करने के बजाय केवल सुर्खियों में बने रहने के लिए शत्रुओं जैसी भाषा का प्रयोग करते हुए निराधार आरोप, भ्रम फैलाने और नकारात्मक राजनीति करने में लगे हुए हैं।”
उन्होंने कहा कि, “कांग्रेस पार्टी को यह स्वीकार कर लेना चाहिए कि देश अब परिवारवाद, तुष्टिकरण और भ्रष्टाचार की राजनीति से ऊपर उठ चुका है। जनता ने राहुल गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस को उसके सबसे निम्न स्तर पर पहुँचा कर अपनी नापसंदगी स्पष्ट कर दी है। जनता ने बार-बार कांग्रेस को नकारते हुए प्रधानमंत्री मोदीजी की नीतियों और भाजपा सरकार के कार्यों पर विश्वास जताया है।”
अरविन्द सिसोदिया ने कहा कि, “विपक्ष के कुछ नेताओं की भाषा और बयानबाजी यह दर्शाती है कि वे राजनीतिक हताशा और निराशा से ग्रस्त हैं। लोकतंत्र में स्वस्थ आलोचना का स्वागत है, लेकिन व्यक्तिगत स्तर पर अनर्गल बयान देना राजनीतिक संस्कारों के पतन को दर्शाता है।”










