कोटा/स्काउट–गाइड एवं कब बुलबु ल ने गुरुवार को स्थानीय वन क्षेत्र आंवली का भ्रमण कर वन और वन्य जीव संरक्षण का संदेश दिया। इस अवसर पर बच्चों और युवाओं ने पर्यावरण संरक्षण के प्रति अपने संकल्प को दोहराया और वन्य जीवों तथा पक्षियों के लिए सक्रिय भूमिका निभाने का निर्णय लिया।

शिक्षा विभाग कर्मचारीगण सहकारी सभा 696 आर कोटा बारां एवं राजस्थान राज्य भारत स्काउट एवं गाइड स्थानीय संघ कोटा दक्षिण के तत्वाधान में मनाए जा रहे वन एवं वन्य जीव संरक्षण पखवाड़ा कार्यक्रम के अंतर्गत स्काउट–गाइड एवं कब बुलबुल ने पक्षियों के लिए दाना–पानी स्थल तैयार करने के लिए श्रमदान किया। इस श्रमदान के माध्यम से न केवल वन्य जीवों और पक्षियों को जीवनदायिनी सहायता उपलब्ध होगी , बल्कि बच्चों और युवाओं को प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी और संवेदनशीलता का अनुभव भी प्राप्त हुआ।
शिक्षा सहकारी के अध्यक्ष एवं स्काउट गाइड के जिला प्रधान प्रकाश जायसवाल नेबताया कि कार्यक्रम का उद्देश्य वन और वन्य जीवों के संरक्षण के प्रति युवाओं में जागरूकता पैदा करना था। ऐसे कार्यक्रमों से बच्चों और युवाओं में पर्यावरण प्रेम और स्वच्छता की आदतें विकसित होती हैं। वहीं श्रमदान के माध्यम से सामाजिक और नैतिक जिम्मेदारियों की भावना को बढ़ावा मिलता है। उन्होंने कहा कि यह पहल आने वाले समय में ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में पर्यावरण संरक्षण के लिए और भी अधिक जागरूकता फैलाने का मार्ग प्रशस्त करेगी।
इस अवसर पर सभी प्रतिभागियों ने मिलकर संकल्प लिया कि वे आगे भी वन्य जीवों और पक्षियों के संरक्षण के लिए नियमित रूप से कार्य करेंगे और प्राकृतिक संसाधनों के सतत उपयोग के प्रति सजग रहेंगे। इस अवसर पर प्रकाश जायसवाल के अलावा फ्लॉक लीडर अंतिमा मेहरा, रेंजर लीडर भारती महावर आदि प्रमुख रूप से मौजूद थी।






