अब 15 अगस्त तक शिविर की सभी रियायतों का लिया जा सकेगा लाभ
-भारत सिंह चौहान
कोटा/राज्य सरकार के निर्देशानुसार कोटा विकास प्राधिकरण द्वारा नगरीय क्षेत्रों में नागरिकों के लंबित प्रकरणों के त्वरित समाधान के लिए संचालित ‘शहरी सेवा शिविर-2026’ के अंतर्गत आमजन के लिए बड़ी राहत भरी खबर है। नगरीय विकास एवं स्वायत्त शासन विभाग द्वारा जारी नवीनतम आदेशों के अनुसार, शिविर की निर्धारित अवधि 12 जून से 15 जुलाई के दौरान प्राप्त सभी ऑनलाइन आवेदन-पत्रों, प्रार्थना-पत्रों एवं लंबित प्रकरणों पर शिविर के अंतर्गत अनुमत सभी विशेष छूटों एवं शिथिलताओं का लाभ अब 15 अगस्त, तक उपलब्ध रहेगा।
कोटा विकास प्राधिकरण के आयुक्त बचनेश कुमार अग्रवाल ने बताया कि प्राधिकरण ने इस जनहितकारी अभियान के अंतर्गत रिकॉर्ड गति से प्रकरणों का निस्तारण करते हुए आमजन को राहत प्रदान की है। उन्होंने कहा कि जिन नागरिकों ने शिविर की निर्धारित अवधि में ऑनलाइन आवेदन प्रस्तुत कर दिया था, किन्तु अपरिहार्य कारणों से उनके नामांतरण (म्यूटेशन), पट्टा जारीकरण, फ्रीहोल्ड, लीज मुक्ति प्रमाण-पत्र, निर्माण अवधि विस्तार तथा भवन मानचित्र स्वीकृति जैसे प्रकरणों का पूर्ण निस्तारण नहीं हो सका, उन सभी मामलों में विस्तारित अवधि के दौरान प्राथमिकता के आधार पर कार्रवाई कर राहत प्रदान की जाएगी। शिविर के दौरान देय ब्याज छूट एवं अन्य रियायतें भी इन आवेदनों पर यथावत लागू रहेंगी।
प्राधिकरण के सचिव मुकेश कुमार चौधरी ने बताया कि 15 जुलाई, तक प्राप्त सभी लंबित प्रकरणों का विस्तारित अवधि में प्राथमिकता से निस्तारण किया जाएगा। राज्य सरकार के निर्देशानुसार 15 अगस्त, 2026 तक शिविर नियमों के अंतर्गत मिलने वाली सभी छूट एवं शिथिलताएं प्रभावी रहेंगी, ताकि पात्र नागरिकों को समयबद्ध राहत प्रदान की जा सके। उन्होंने स्पष्ट किया कि 15 अगस्त, 2026 के पश्चात प्रकरणों का निस्तारण केवल वर्तमान में प्रभावी अधिनियमों, नियमों एवं परिपत्रों के अनुसार ही किया जाएगा।
विशेष बिंदु एवं अपील
• आवेदन की पात्रता:
शिविर की सभी विशेष छूट एवं रियायतें केवल उन्हीं ऑनलाइन आवेदन-पत्रों, प्रार्थना-पत्रों एवं लंबित प्रकरणों पर लागू होंगी, जो 15 जुलाई, 2026 तक प्राप्त हो चुके थे।
• रियायतों की निरंतरता:
लंबित पट्टा प्रकरणों, कच्ची बस्ती नियमन, नामांतरण (म्यूटेशन), फ्रीहोल्ड एवं लीज मुक्ति से संबंधित मामलों में देय ब्याज छूट तथा अन्य शिथिलताएं 15 अगस्त, 2026 तक यथावत प्रभावी रहेंगी।
• आमजन से अपील:
प्राधिकरण के सचिव श्री मुकेश कुमार चौधरी ने नागरिकों से आग्रह किया है कि जिनके आवेदन लंबित हैं, वे अपने प्रकरणों की अद्यतन स्थिति जानने तथा त्वरित निस्तारण के लिए संबंधित शिविर प्रभारी अथवा कोटा विकास प्राधिकरण कार्यालय से संपर्क कर इस अवसर का अधिकतम लाभ उठाएं।
कोटा विकास प्राधिकरण आमजन के हितों के प्रति पूर्णतः प्रतिबद्ध है। प्रशासनिक प्रक्रियाओं को सरल, पारदर्शी एवं समयबद्ध बनाते हुए अंतिम छोर तक नागरिकों को राहत पहुँचाने के उद्देश्य से यह अभियान निरंतर गति से संचालित किया जा रहा है।
















