गीत-कविताओं की सुर लहरियों के बीच मनाया गया जनकवि डॉ. जगदीश निराला का 69वां जन्मदिन
कोटा। वरिष्ठ जनकवि, साहित्यकार, पर्यावरणविद् एवं समाजसेवी डॉ. जगदीश निराला का 69वां जन्मदिन हाड़ौती अंचल के कवियों, साहित्यकारों और शुभचिंतकों ने गीत-कविताओं की सुरमयी प्रस्तुतियों के बीच हर्षोल्लास से मनाया।
सृजन साहित्य एवं सांस्कृतिक समिति, कोटा संभाग के अध्यक्ष एवं राष्ट्रीय कवि राजेन्द्र पंवार ने बताया कि समिति के बैनर तले आयोजित इस समारोह में साहित्य, संस्कृति और पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में डॉ. निराला के उल्लेखनीय योगदान को याद करते हुए उनका सम्मान किया गया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि माननीय अध्यक्षता अपर सेशन न्यायाधीश श्री धर्मराज भारत जबकि अध्यक्षता मंडल पुस्तकालय, कोटा के अध्यक्ष डॉ. दीपक श्रीवास्तव ने की। इस अवसर पर आयोजित कवि सम्मेलन में वरिष्ठ कवि एवं साहित्यकार रामनारायण मीणा ‘हलधर’, नंद सिंह पंवार, तंवर सिंह ‘तारज’, अखिलेश ‘अखिल’, महावीर मेहरा तथा कोमल नाज़ुक सहित अनेक रचनाकारों ने अपनी रचनाओं का प्रभावशाली काव्यपाठ कर समां बांध दिया। कार्यक्रम का संचालन राजेन्द्र पंवार ने किया।
समारोह में वक्ताओं ने कहा कि डॉ. जगदीश निराला न केवल साहित्य जगत के प्रतिष्ठित हस्ताक्षर हैं, बल्कि पर्यावरण संरक्षण और समाज सेवा के क्षेत्र में भी उनका योगदान प्रेरणादायी है। वे बारां जिले के मांगरोल स्थित स्वतंत्रता सेनानी परिवार से हैं और पिछले कई वर्षों से मांगरोल, बारां, कोटा सहित हाड़ौती के अनेक शहरों एवं गांवों में हजारों पौधे लगाकर उनके संरक्षण का कार्य कर रहे हैं।
पिछले पांच दशकों से सतत साहित्य सृजन कर रहे डॉ. निराला ने अपनी कविताओं और गीतों के माध्यम से समाज में जागरूकता, संवेदनशीलता और मानवीय मूल्यों का संदेश दिया है।
कार्यक्रम में हाड़ौती अंचल के अनेक साहित्यकार, कवि, परिजन, पारिवारिक मित्र एवं शुभचिंतक उपस्थित रहे। अंत में डॉ. जगदीश निराला के परिजनों ने सभी अतिथियों एवं उपस्थित जनों का आभार व्यक्त किया।






