राष्ट्रीय मेला दशहरा 2026: विजय श्री रंगमंच पर आज सजेगी ‘सिंधी सांस्कृतिक संध्या’, मुंबई के रॉकस्टार नील तलरेजा बांधेंगे संगीतमय समां
पारंपरिक सिंधी सूफी कलाम, लोक संगीत और आधुनिक फ्यूजन मैशअप्स से युवा पीढ़ी को सिंधी संस्कृति से जोड़ेंगे अंतरराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त कलाकार नील
कोटा, 21 अक्टूबर।कोटा के ऐतिहासिक एवं सुप्रसिद्ध राष्ट्रीय मेला दशहरा 2026 की भव्य सांस्कृतिक आयोजनों की श्रृंखला में गुरुवार को ‘सिंधी सांस्कृतिक संध्या’ का आयोजन किया जा रहा है। महापौर अनुसूइया गोस्वामी ने बताया कि विजयश्री रंगमंच पर आयोजित होने वाली इस विशेष संगीतमय शाम में मुंबई के मशहूर सिंधी गायक, गीतकार, संगीतकार रॉकस्टार नील अपनी धमाकेदार लाइव प्रस्तुति से शहरवासियों को मंत्रमुग्ध करेंगे।
15 वर्षों का अनुभव और युवाओं में सिंधी संगीत का क्रेज
पिछले 15 वर्षों से संगीत जगत में निरंतर सक्रिय नील तलरेजा एक प्रतिभाशाली राइटर, कंपोजर और सिंगर हैं। जिन्हें प्रसिद्ध गीत ‘दारू दवा’ से देश-विदेश में अपार प्रसिद्धि मिली। नील अपनी अनूठी संगीत शैली के लिए जाने जाते हैं। जिसमें वे पारंपरिक सिंधी संगीत को आधुनिक बीट्स के साथ मिलाकर प्रस्तुत करते हैं। उनकी इस नवोन्मेषी शैली ने युवा पीढ़ी के बीच सिंधी संगीत और सांस्कृतिक धरोहर को अत्यधिक लोकप्रिय बनाया है।
सूफी कलाम, लोक संगीत और मॉडर्न मैशअप का संगम
सिंधी सांस्कृतिक संध्या में रॉकस्टार नील पारंपरिक सिंधी सूफी कलाम, सिंधी लोक संगीत और अपने प्रसिद्ध आधुनिक सिंधी मैशअप्स का ऐसा शानदार फ्यूजन पेश करते हैं जो दर्शकों को झूमने पर मजबूर कर देगा। उनके चर्चित और लोकप्रिय गानों में हा माह सिंधी आह्यान, द झूलेलाल मैश अप और फकीरानी तबीयत शामिल हैं। जिन्होंने वैश्विक स्तर पर खासी पहचान बनाई है।
450 से अधिक लाइव शो का अनुभव
उल्लेखनीय है कि रॉकस्टार नील को विशाल मंचों का गहरा अनुभव है। वे भारत के विभिन्न शहरों के अलावा दुबई सहित विदेशों में भी 450 से अधिक सफल लाइव शो कर चुके हैं।







